
देहरादून के जॉलीग्रांट एयरपोर्ट परिसर में उस समय हड़कंप मच गया जब गेस्ट हाउस ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार देर रात पुलिसकर्मी की सर्विस गन से अचानक ताबड़तोड़ गोलियां चलने की आवाज सुनाई दी। बताया जा रहा है कि करीब 10 राउंड फायर हुए, जिनमें से तीन गोलियां पुलिसकर्मी की छाती में लगीं। घटना के बाद पूरे एयरपोर्ट क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी को मिला पद्म भूषण सम्मान
मृतक पुलिसकर्मी की पहचान उत्तराखंड पुलिस में तैनात जवान के रूप में हुई है, जो एयरपोर्ट गेस्ट हाउस में ड्यूटी कर रहा था। गोली चलने की आवाज सुनते ही आसपास मौजूद सुरक्षाकर्मी मौके पर पहुंचे और घायल पुलिसकर्मी को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
महंगाई का नया झटका: पेट्रोल ₹102 के पार, डीजल भी हुआ महंगा
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है। शुरुआती जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह आत्महत्या का मामला है या फिर कोई हादसा। मौके से सर्विस रिवॉल्वर और कई खाली कारतूस बरामद किए गए हैं। फॉरेंसिक टीम बैलिस्टिक जांच के जरिए यह पता लगाने में जुटी है कि गोलियां किस परिस्थिति में चलीं।
CJP का X अकाउंट बैन, संस्थापक ने लगाए गंभीर आरोप; मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा
घटना के बाद एयरपोर्ट सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। इतनी बड़ी संख्या में गोलियां चलने के बावजूद किसी अन्य व्यक्ति के घायल न होने को लेकर भी जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और ड्यूटी पर मौजूद कर्मचारियों से पूछताछ की जा रही है।
फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और परिजनों को सूचना दे दी गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों का खुलासा हो सकेगा। इस घटना ने पुलिस विभाग के साथ-साथ एयरपोर्ट प्रशासन को भी झकझोर कर रख दिया है।







